हिमाचल में करवट बदलेगा मौसम: कई भागों में दो दिन बारिश-बर्फबारी के आसार, तीन स्थानों पर पारा शून्य में

हिमाचल प्रदेश में मौसम बदलने के संकेत, पश्चिमी विक्षोभ होगा सक्रिय

हिमाचल प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट बदल सकता है। प्रदेश के कई हिस्सों में पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दो दिनों के दौरान राज्य के कुछ क्षेत्रों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। इससे तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने की संभावना है, जबकि अन्य क्षेत्रों में बारिश हो सकती है। मौसम में इस बदलाव का असर पहाड़ी क्षेत्रों के साथ-साथ मैदानी इलाकों में भी महसूस किया जा सकता है। ऐसे में लोगों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।

कई भागों में दो दिन बारिश और बर्फबारी के आसार

मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश के कई भागों में अगले दो दिनों के दौरान बारिश और बर्फबारी होने की संभावना जताई है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से आसमान में बादल छाने और कुछ स्थानों पर मौसम खराब होने के आसार हैं। विशेष रूप से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी देखने को मिल सकती है, जबकि निचले और मध्यम ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश हो सकती है। मौसम में बदलाव के कारण दिन और रात के तापमान में भी अंतर आ सकता है। हालांकि, प्रदेश के सभी क्षेत्रों में एक जैसी परिस्थितियां रहने की संभावना नहीं है। अलग-अलग जिलों में मौसम का प्रभाव स्थानीय परिस्थितियों और ऊंचाई के अनुसार अलग हो सकता है।

राजधानी शिमला में खिली धूप, आसमान में छाए हल्के बादल

राजधानी शिमला सहित हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में फिलहाल धूप खिली हुई है। दिन के समय धूप निकलने से मौसम कुछ हद तक सुहावना बना हुआ है, लेकिन आसमान में हल्के बादल भी दिखाई दे रहे हैं। मौसम में यह बदलाव आने वाले दिनों में संभावित पश्चिमी विक्षोभ की गतिविधियों के बीच देखा जा रहा है। यदि पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव बढ़ता है, तो शिमला और आसपास के क्षेत्रों में भी बादल छाने तथा मौसम में परिवर्तन होने की संभावना बन सकती है। हालांकि, राजधानी में बारिश या बर्फबारी को लेकर किसी निश्चित स्थिति की पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं होती। ऐसे में स्थानीय मौसम पूर्वानुमान पर ध्यान देना जरूरी है।

केलांग, कुकुमसेरी और ताबो में न्यूनतम तापमान शून्य पर

हिमाचल प्रदेश के ठंडे क्षेत्रों में तापमान में गिरावट का असर साफ दिखाई दे रहा है। केलांग, कुकुमसेरी और ताबो में न्यूनतम तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। इन क्षेत्रों में रात और सुबह के समय ठंड अधिक महसूस की जा रही है। ऊंचाई वाले इलाकों में तापमान कम रहने के कारण लोगों को ठंड से बचाव के लिए विशेष सावधानी बरतनी पड़ रही है। तापमान शून्य के आसपास पहुंचने से सुबह के समय बाहर निकलने वाले लोगों को गर्म कपड़ों की जरूरत महसूस हो सकती है। मौसम में संभावित बदलाव के दौरान इन क्षेत्रों में तापमान का उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।

ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बढ़ सकती है ठंड, लोगों को सतर्क रहने की जरूरत

हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश और बर्फबारी की संभावना के चलते ठंड बढ़ सकती है। जिन क्षेत्रों में पहले से न्यूनतम तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जा रहा है, वहां मौसम में बदलाव का प्रभाव अधिक महसूस हो सकता है। स्थानीय निवासियों के साथ-साथ पर्यटकों को भी मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखकर अपनी यात्रा की योजना बनानी चाहिए। पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदल सकता है, इसलिए यात्रा से पहले संबंधित क्षेत्र का पूर्वानुमान और सड़क की स्थिति जांचना उपयोगी रहेगा। यदि बारिश या बर्फबारी होती है, तो कुछ स्थानों पर आवाजाही प्रभावित होने की आशंका भी हो सकती है। हालांकि, किसी विशेष सड़क के बंद होने की जानकारी उपलब्ध विवरण में नहीं दी गई है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर रहें नजर, अगले दो दिन अहम

हिमाचल प्रदेश में अगले दो दिन मौसम के लिहाज से महत्वपूर्ण रह सकते हैं। पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है। वहीं, केलांग, कुकुमसेरी और ताबो में न्यूनतम तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस दर्ज होने से ठंड का असर पहले ही महसूस किया जा रहा है। राजधानी शिमला समेत कुछ क्षेत्रों में फिलहाल धूप निकल रही है, लेकिन आसमान में हल्के बादल मौसम में संभावित बदलाव के बीच नजर आ रहे हैं। लोगों को सलाह दी जाती है कि वे मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखें और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में जाने से पहले मौसम तथा यात्रा संबंधी परिस्थितियों की जानकारी प्राप्त करें। इससे बदलते मौसम के दौरान अनावश्यक परेशानी से बचने में मदद मिल सकती है।

इस विषय से संबंधित:

Toggle Dark Mode