दुष्कर्म के आरोपों में फंसे क्रिकेटर यश दयाल ने अब महिला मित्र के खिलाफ खुल्दाबाद थाने में तहरीर दी है। लैपटॉप-मोबाइल चोरी करने और खुदकुशी की धमकी देने का भी आरोप लगाया है। यश दयाल ने कहा कि आठ लाख न लौटाने पड़े इसलिए फंसाया जा रहा है।
दुष्कर्म के केस में फंसे क्रिकेटर यश दयाल ने प्रतापगढ़ निवासी महिला मित्र समेत अन्य के खिलाफ खुल्दाबाद थाने में तहरीर दी है। आरोप लगाया है कि आठ लाख रुपये बकाया मांगने पर उन्हें खुदकुशी कर फंसाने की धमकी दी जा रही है। साथ ही युवती पर मोबाइल-लैपटॉप समेत अन्य सामान चोरी करने के आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।
करबला निवासी आईपीएल क्रिकेटर ने तहरीर में बताया कि 2021 में उनकी मुलाकात इंस्टाग्राम के जरिये प्रतापगढ़ निवासी युवती से हुई। आरोप लगाया कि समय-समय पर वह इलाज, कॉलेज फीस के नाम पर यह कहकर पैसे लेती रही कि मई 2025 तक वह पैसे वापस कर देगी। इसके साथ ही उसने शॉपिंग के लिए भी पैसे लिए।
यश दयाल ने लगाए गंभीर आरोप
अचानक सोशल मीडिया से पता चला कि उसी युवती ने उनके खिलाफ गाजियाबाद में शिकायती प्रार्थनापत्र दिया है। आरोप लगाया कि युवती व उसके तीन सहयोगियों व 5-10 अज्ञात लोग गैंग संचालित करते हुए सीधे-सादे लोगों से धन उगाही कर रहे हैं।
उधार दिए आठ लाख रुपये मांगने पर झूठी शिकायत
यह भी पता चला कि उनका लैपटॉप, आईफोन व अन्य सामान भी मुलाकात के बहाने युवती ने चोरी कर लिए हैं। उनसे लगभग आठ लाख रुपये उधार लिए गए और बकाया वापस मांगने पर उनके खिलाफ झूठा शिकायती प्रार्थनापत्र दिया गया।
यही नहीं, पैसे वापस मांगे तो युवती ने उन्हें धमकी दी कि अगर उन्होंने उससे शादी नहीं की तो वह आत्महत्या कर लेगी। इसके साथ ही उनके मां-बाप को गालियां दी जाती रहीं और जान से मारने की धमकी तक दी गई।
योजनाबद्ध तरीके से फंसाने की साजिश
लगातार मानसिक प्रताड़ना के चलते उन्हें चिकित्सकीय निगरानी में रहना पड़ रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि यह पूरा घटनाक्रम योजनाबद्ध तरीके से उन्हें फंसाने और आर्थिक रूप से नुकसान पहुंचाने के लिए रचा गया।
मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत कर लगाया था यौन उत्पीड़न का आरोप
21 जून को इंदिरापुरम क्षेत्र की रहने वाली एक युवती ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत करते हुए क्रिकेटर यश दयाल पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। यश दयाल के खिलाफ सात जुलाई को देर रात पुलिस ने नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया था। क्रिकेटर पर इंदिरापुरम क्षेत्र की रहने वाली युवती ने पांच वर्ष तक संबंध में रहकर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था।
शादी का झांसा देकर किया शारीरिक व मानसिक उत्पीड़न
मामले में मुख्यमंत्री पोर्टल पर हुई शिकायत के बाद भी जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तब पीड़िता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स का सहारा लिया था। पुलिस के नोटिस भेजने के बाद भी जब क्रिकेटर ने अपने बयान दर्ज नहीं करवाए तब पुलिस ने सात जुलाई की देर रात बीएनएस की धारा 69 के तहत क्रिकेटर के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया था।
गैर जमानती व गैर समझौता है अपराध
बीएनएस की धारा 69 के दर्ज अपराध एक गैर जमानती और गैर समझौता अपराध माना जाता है। इसका मतलब है कि अगर मामले में क्रिकेटर की गिरफ्तारी होती है तब उन्हें जमानत आसानी से नहीं मिल पाएगी। साथ ही समझौता भी नहीं किया सकेगा, हालांकि गिरफ्तारी की कार्रवाई करने के लिए पुलिस को पहले नियम के तहत पीड़िता के धारा 164 के तहत मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज करवाने होंगे। पीड़िता अगर अपने बयान में भी स्पष्ट और यही आरोप लगाती है, तब उसके बाद पुलिस गिरफ्तारी की कार्रवाई करेगी।
