हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के देहरा उपमंडल में रविवार को धर्म परिवर्तन को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। बताया जा रहा है कि पंजाब से आए छह लोग एक स्थानीय परिवार को धर्म परिवर्तन के लिए झांसा दे रहे थे। जब स्थानीय लोगों को इसकी भनक लगी तो उन्होंने मौके पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। देखते ही देखते वहां पर दर्जनों की भीड़ जमा हो गई और माहौल तनावपूर्ण बन गया।
सूत्रों के अनुसार, ये सभी छह लोग पंजाब के होशियारपुर और गुरदासपुर इलाकों से आए थे। बताया जा रहा है कि वे “धार्मिक प्रवचन” और “प्रार्थना सभा” के बहाने देहरा के एक गांव में पहुंचे थे। वहां उन्होंने एक गरीब परिवार को आर्थिक मदद, इलाज और बच्चों की पढ़ाई का लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए तैयार करने की कोशिश की।
जब गांव के कुछ लोगों को इस गतिविधि की जानकारी मिली, तो उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों को बुलाया। मौके पर पहुंची भीड़ ने आरोपियों को घेर लिया और कड़ी नारेबाजी शुरू कर दी। ग्रामीणों ने कहा कि ये लोग लंबे समय से आस-पास के इलाकों में इस तरह की गतिविधियां चला रहे हैं और भोले-भाले लोगों को गुमराह कर रहे हैं।
सूचना मिलते ही देहरा थाना पुलिस टीम मौके पर पहुंची और सभी छह लोगों को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लिया और किसी भी अप्रिय घटना से बचाव के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया गया।
पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि ये लोग एक विशेष धार्मिक संस्था से जुड़े हुए हैं, जो अन्य राज्यों में जाकर प्रवचन के नाम पर लोगों को अपने धर्म में शामिल करने का काम करती है। फिलहाल पुलिस उनके खिलाफ कानूनी धाराओं के तहत मामला दर्ज करने की तैयारी में है।
ग्रामीणों का कहना है कि जिन परिवार को झांसा दिया जा रहा था, वह काफी गरीब है और बीमारी तथा आर्थिक संकट से जूझ रहा है। इस परिवार ने पहले कुछ दिनों तक इन लोगों की बातों पर विश्वास किया, लेकिन जब ग्रामीणों ने सच बताया, तो उन्होंने सार्वजनिक रूप से “घर वापसी” का ऐलान किया और कहा कि वे अपने मूल धर्म में ही रहेंगे।
मामले ने अब राजनीतिक रूप भी लेना शुरू कर दिया है। स्थानीय नेताओं ने सरकार से मांग की है कि धर्म परिवर्तन जैसे मामलों पर सख्त कानून लागू किए जाएं और बाहरी राज्यों से आने वाले संदिग्ध धार्मिक समूहों की गतिविधियों पर नजर रखी जाए।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। देहरा क्षेत्र में फिलहाल माहौल शांत बताया जा रहा है, लेकिन पुलिस एहतियात के तौर पर निगरानी बनाए हुए है।
इस घटना के बाद हिमाचल में धर्म परिवर्तन विरोधी कानून को लेकर फिर से चर्चा तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि धर्म के नाम पर लोगों की भावनाओं से खिलवाड़ करने वालों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए, ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।
